राहुल गांधी ने वोट चोरी और SIR पर नया प्लान किया घोषित, जिसके तहत कांग्रेस ने संसद से गलियों तक विरोध प्रदर्शन तेज करने की तैयारी शुरू कर दी है। यह कदम कांग्रेस की नई रणनीति का हिस्सा है, जिसमें “वोट चोरी” और “SIR” (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) की प्रक्रिया पर सवाल उठाए गए हैं।
संसद से सड़कों तक वोट चोरी और SIR को लेकर विरोध
कांग्रेस वर्किंग कमेटी की 29 सितंबर 2026 को नई दिल्ली में हुई बैठक में देशव्यापी आंदोलन की घोषणा की गई। राहुल गांधी ने स्पष्ट किया कि अब यह मुद्दा केवल संसद तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि देश की गलियों, सड़कों और जिलों तक फैलाया जाएगा। इस आंदोलन का मकसद मतदाता सूची में हो रही गड़बड़ी को उजागर करना और आम जनता को जागरूक करना है।
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मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार से इस्तीफा देने की मांग की है। पार्टी का आरोप है कि उन्होंने सरकार के दबाव में मतदाता सूची संशोधन प्रक्रिया में पक्षपात किया है, जिससे लोकतंत्र की बुनियाद कमजोर हुई है। इस मांग को लेकर पार्टी संसद और सड़कों पर लगातार दबाव बनाए रखने की योजना बना रही है।
SIR प्रक्रिया पर उठाए गए गंभीर आरोप
राहुल गांधी ने SIR प्रक्रिया को लेकर आरोप लगाए हैं कि इसके तहत असली मतदाताओं के नाम हटाए जा रहे हैं और फर्जी नाम जोड़े जा रहे हैं। खासतौर पर दिल्ली के बेला एस्टेट मामले को उन्होंने वोट चोरी का ठोस उदाहरण बताया। वहां 728 लोगों में से 727 के नाम मतदाता सूची से हटाए गए। पार्टी इसे संविधान और लोकतंत्र पर हमला मानती है।

13 करोड़ से अधिक वोट हटाने का दावा
कांग्रेस के संगठन महासचिव के.सी. वेणुगोपाल ने जानकारी दी कि पूरे देश में SIR प्रक्रिया के दौरान लगभग 13 करोड़ से अधिक मतदाताओं के नाम हटाए जा चुके हैं। यह संख्या काफी चिंताजनक है और इससे लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर बड़ा असर पड़ा है। कांग्रेस इसे मतदाता अधिकारों का उल्लंघन मानती है और इसे लेकर व्यापक आंदोलन करने की तैयारी है।
विपक्षी सांसदों का संसद भवन और सड़कों पर प्रदर्शन
राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा के नेतृत्व में विपक्षी सांसदों ने संसद भवन से चुनाव आयोग मुख्यालय तक विरोध मार्च निकाला। इस दौरान दिल्ली पुलिस ने कई नेताओं को हिरासत में लिया। विपक्ष ने इस मुद्दे को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया और सरकार पर मतदाता सूची में गड़बड़ी के आरोप लगाए।
कांग्रेस की ज़मीनी स्तर पर रणनीति और आगे की योजना
पार्टी ने लगभग 800 जिलों में उग्र प्रदर्शन कर चुकी है। के.सी. वेणुगोपाल ने बताया कि बूथ स्तर से लेकर राज्य तक कांग्रेस कार्यकर्ता जनता के बीच जाकर इस “वोट चोरी” अभियान को उजागर करेंगे। इससे आगामी चुनावों पर असर पड़ने की उम्मीद है और पार्टी इसे लोकतंत्र की रक्षा के लिए जरूरी मानती है।



