मणिपुर में एक बार फिर हिंसा ने गंभीर रूप ले लिया है। हाल ही में दो बच्चों की मौत का मामला शांत भी नहीं हुआ था कि अब उग्रवादी हमले में सीमा सुरक्षा बल के एक जवान ने बलिदान दे दिया।
उखरुल जिले में 170वीं बटालियन के कांस्टेबल मिथुन मंडल गश्त के दौरान मोंगकोट चेपु क्षेत्र में तैनात थे, तभी उन्हें गोली लग गई। गंभीर रूप से घायल जवान को इंफाल के रिम्स अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्होंने अंतिम सांस ली।
राज्य के मुख्यमंत्री वाई खेमचंद सिंह ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि जवान का बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा और सरकार पीड़ित परिवार के साथ मजबूती से खड़ी है।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए सरकार ने पांच जिलों—इंफाल वेस्ट, इंफाल ईस्ट, थौबल, ककचिंग और बिष्णुपुर—में मोबाइल इंटरनेट सेवाओं पर प्रतिबंध को दो दिन और बढ़ा दिया है। प्रशासन का कहना है कि व्हाट्सएप, फेसबुक, इंस्टाग्राम और एक्स जैसे माध्यमों से अफवाहें फैलने की आशंका को रोकने के लिए यह कदम उठाया गया है।
वहीं, हींगगांग थाना क्षेत्र में सुरक्षाबलों पर हमला करने और हथियार छीनने की कोशिश के आरोप में छह युवकों को गिरफ्तार किया गया है। स्थिति पर प्रशासन की कड़ी नजर बनी हुई है।
गौरतलब है फरवरी से जारी जातीय हिंसा के चलते राज्य में पहले से ही तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है।


