इंदौर नगर निगम में बजट सम्मेलन के दौरान नमाज पढ़ने पर बवाल, अब सभापति और महापौर कर रहे अनुमति की बात से इनकार

Date:

इंदौर। नगर निगम बजट सम्मेलन के दौरान मुस्लिम पार्षदों द्वारा निगम परिसर में नमाज पढ़ने के मुद्दे पर बवाल मचा हुआ है। सभापति ने कहा उन्होंने नमाज पढ़ने की अनुमति नहीं दी थी। इस पर पार्षद रुबीना इकबाल खान का कहना है कि अनुमति का प्रश्न कहां उठता है। हमने तो सदन को बताया था कि हमें नमाज पढ़ना है।

उल्लेखनीय है कि शुक्रवार को नगर निगम के अटल बिहारी वाजपेयी हॉल में बजट सत्र पर चर्चा चल रही थी। इस दौरान कांग्रेस पार्षद रुबीना इकबाल खान ने बजट से जुड़े मुद्दों पर बहस की। उन्होंने जुम्मे की नमाज पढ़ने का हवाला देकर अवकाश मांगा। सभापति ने 45 मिनट का भोजन अवकाश दिया। इस दौरान मुस्लिम पार्षदों ने भोजन से पहले निगम परिसर में ही नमाज पढ़ी।

सभापति मुन्नालाल यादव नमाज पढ़ने की अनुमति से इनकार करते हुए कह रहे हैं कि हमने सिर्फ भोजन अवकाश दिया था। इधर, महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने कहा कि केवल भोजन अवकाश की घोषणा की थी। बिना अनुमति के ऐसा करना ठीक नहीं है। संबंधित पार्टी की ओर से कोई व्हिप जारी नहीं किया गया था, ऐसे में नमाज के लिए निगम परिसर के आसपास किसी अन्य स्थान का चयन किया जा सकता था

पार्षद रुबीना खान बोंली-फांसी पर चढ़ा दो

कांग्रेस पार्षद रुबीना ने कहायह तो हद है। अगर ज्यादा ही एतराज है तो हमें फांसी पर चढ़ा दो। जैसे हमने इतना बड़ा गुनाह कर दिया। हर चीज पर रोक लगा रहे हैं, हर कानून में घुस रहे हैं, हर चीज अपने आप से कर रहे हो तो फिर मुसलमानों की ऑक्सीजन पर भी रोक लगा दो कि हमारे से पूछे बगैर सांस भी मत लो। उन्होंने कहा दूसरे भी धर्म के लोग पालन करते हैं। गरबा, गणेश चतुर्दशी सारे त्योहार होते हैं। हम भी वहां जाते हैं और मजे भी लेते हैं, तुम्हें हमारे नमाज से क्या एतराज है, फालतू की बात करते हैं।

भाजपा संगठन ने जताई है नाराजगी

बताया जाता है कि इस मामले में भाजपा संगठन ने नाराजगी जताई है। सभापति मुन्नालाल यादव और महापौर भार्गव से कहा गया है कि ऐसा दोबारा नहीं होना चाहिए। निगम परिसर में नमाज पढ़ने पर बीजेपी संगठन पर विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल की तरफ से दबाव बनाया है। दोनों ओर से कहा गया है कि एक तरफ जहां मोदी सरकार वक्फ संशोधन बिल पेश कर रही है तो दूसरी तरफ इंदौर नगर निगम में नमाज पढ़ाई जा रही है। इससे जनता के बीच में गलत मैसेज जा रहा है। हम जहां बोल रहे है कि नमाज पढ़ने की जगह सिर्फ मस्जिद में है तो वहीं इंदौर नगर निगम में महापौर और सभापति नमाज पढ़ा रहे हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

Recent News
Related

लखनऊ। महिला आरक्षण बिल को लेकर यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने रविवार को लखनऊ में प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इसमें उन्होंने विपक्ष पर जमकर निशाना साधा। सीएम योगी ने कहा कि जिस दिन यह बिल पास होने जा रहा था, उस दिन संसद में विपक्ष का रवैया द्रौपदी के चीर हरण जैसा था। केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने कहा कि सपा तुष्टिकरण की राजनीति करती है। मुस्लिम बहनों के लिए आरक्षण की मांग करते हैं, जबकि हमारा संविधान किसी को भी धर्म के आधार पर आरक्षण की अनुमति नहीं देता है। उन्होंने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम के दिन विपक्ष ने महिलाओं की अपेक्षाओं में पानी फेरा है। उस दिन को उन्होंने काला दिन बना दिया। इसके विरोध में महिलाएं लगातार प्रदर्शन कर रही हैं। आने वाले समय में वोट की ताकत से भी महिलाएं विपक्ष को सबक सिखाएंगी। सीएम ने कहा कि संसद का विशेष अधिवेशन इसी बात के लिए हुआ था, राज्यों के हक का भी इस दौरान पूरा ध्यान रखा गया। सभी राज्यों में सीटें समान अनुपात में बढ़ाई गई, किसी का हक कम नहीं होना था। उत्तर के राज्य हों या दक्षिण के राज्य। सदन के अंदर इंडी गठबंधन की टिप्पणियां, द्रौपदी के चीर हरण जैसा दृश्य था। समाजवादी पार्टी ने मुस्लिम महिलाओं के आरक्षण के बात की, ये संविधान की दुहाई देने वाले लोग बाबा साहब की भावना के विपरीत आचरण करते हैं। संविधान बनते वक्त धर्म के आधार पर आरक्षण की बात आई तो बाबा साहब ने कहा था के एक बार विभाजन हो गया, दोबारा विभाजन नहीं हो सकता। पीएम मोदी की नजर में सिर्फ चार जातियां सीएम योगी ने कहा कि पीएम मोदी ने कहा था देश में चार ही जाति है। नारी, युवा, गरीब और किसान। भारत को कमजोर करने की नीयत से जिन्होंने जातिवाद के नाम पर देश को लूटा है उनके लिए ये एक चुनौती थी। इसीलिए, उन्होंने ऐसे प्रोग्रेसिव कदम का कांग्रेस और उनके पार्टनर ने विरोध किया है। आधी आबादी के मन में विपक्ष के इस नारी विरोधी आचरण को लेकर भारी आक्रोश है। कांग्रेस, सपा, आरजेडी, तृणमूल, डीएमके जैसे जो दल इस पाप में भागी थे, उनसे आधी आबादी आक्रोशित है। ये लोग सुधारवादी कदमों के बैरियर के रूप में आगे जाकर षडयंत्र करता है। कांग्रेस ने किसी के लिए अच्छा नहीं किया सीएम योगी ने कहा कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी बताए के महिला आरक्षण से जुड़ा ये मुद्दा प्रोग्रेसिव कदम था। वो तब कहां थे जब शाह बानो प्रकरण में कांग्रेस ने पाप किया था। पीएम मोदी ने देश में ट्रिपल तलाक पर कानून बनाया तो भी इन लोगों ने विरोध किया था। आज महिलाओं के हक की दुहाई देने वालों ने देश में सबसे अधिक समय तक शासन किया, लेकिन नारी, युवा, किसान और गरीब के लिए ये कुछ अच्छा नहीं कर पाए।  योगी ने कहा कि जो मुस्लिम महिलाओं की बात करते हैं। तब कहां थे जब शाहबानो प्रकरण में कांग्रेस ने वह कृत्य किया था। प्रधानमंत्री ने ट्रिपल तलाक पर प्रतिबंध लगाया। उस कानून का भी कांग्रेस और इंडी गठबंधन के सहयोगियों ने विरोध किया था।