बेंगलुरु। कर्नाटक में अब 16 साल से कम उम्र के बच्चे सोशल मीडिया का इस्तेमाल नहीं कर पाएंगे। कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने शुक्रवार को राज्य बजट पेश करते हुए यह बात कही है। सीएम सिद्धारमैया ने कहा कि बच्चों पर मोबाइल के बढ़ते इस्तेमाल के प्रतिकूल प्रभावों को रोकने के लिए यह फैसला लिया गया है।
मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने शुक्रवार को अपना 17वां बजट पेश किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार संघीय शासन व्यवस्था का पालन नहीं कर रही है। इस वजह से कर्नाटक के साथ अन्याय हो रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार विकास की ऐसी रणनीति अपना रही है, जिसमें जन कल्याण योजनाओं और बुनियादी ढांचे में निवेश के बीच संतुलन बनाया गया है। बजट भाषण के दौरान सीएम ने बच्चों को मोबाइल के बुरे असर से बचाने के लिए 16 साल से कम उम्र के किशोरों के लिए सोशल मीडिया पर पाबंदी लगाने का भी एलान किया है। उन्होंने केंद्र सरकार से अपील की कि वह राज्य की मांगों के प्रति अधिक संवेदनशील बने। साल 2026-27 का बजट पेश करते हुए सिद्धारमैया ने कहा कि कर्नाटक देश के विकास में सबसे आगे है। यह देश को सबसे ज्यादा टैक्स देने वाले प्रमुख राज्यों में से एक है। उन्होंने जानकारी दी कि साल 2026-27 के लिए कुल खर्च 4,48,004 करोड़ रुपये होने का अनुमान है। सिद्धारमैया के राजनीतिक करियर का यह 17वां बजट है। ब
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जट पेश करते हुए मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने कहा कि आईआईएससी, इसरो और कीओनिक्स मिलकर बैंगलोर रोबोटिक्स और एआई इनोवेशन जोन नाम का एक खास कैंपस बनाएंगे। यह कैंपस रोबोटिक्स और एआई तकनीक को बढ़ावा देगा। मुख्यमंत्री ने जानकारी दी की बच्चों में मोबाइल के बढ़ते इस्तेमाल के बुरे असर को रोकने के लिए 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया पर पाबंदी लगाई जाएगी। इस पाबंदी का मकसद मोबाइल फोन के बढ़ते इस्तेमाल से बच्चों पर पड़ने वाले बुरे असर को रोकना है।



