पहलगाम आतंकी हमले के बाद पीएम मोदी की उच्चस्तरीय सुरक्षा बैठक
आतंक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के संकेत, सशस्त्र बलों को मिली खुली छूट
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक अहम सुरक्षा बैठक की, जिसमें रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल, चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) जनरल अनिल चौहान और तीनों सेनाओं के प्रमुख शामिल हुए। यह बैठक लगभग डेढ़ घंटे तक चली और इसमें दक्षिण कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमले के बाद की रणनीति पर चर्चा हुई।
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हमले में 26 लोगों की मौत, भारत कर सकता है जवाबी कार्रवाई
पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की जान गई, जिनमें से अधिकांश पर्यटक थे। इसके बाद भारत जवाबी कार्रवाई के विकल्पों पर गंभीरता से विचार कर रहा है। इस पृष्ठभूमि में हुई बैठक को रणनीतिक दृष्टि से बेहद अहम माना जा रहा है
आतंकवाद पर निर्णायक प्रहार की चेतावनी
बैठक में प्रधानमंत्री मोदी ने दो टूक कहा कि आतंकवाद पर करारा प्रहार करना भारत का राष्ट्रीय संकल्प है। उन्होंने सशस्त्र बलों की क्षमताओं पर पूरा भरोसा जताते हुए कहा कि उन्हें कार्रवाई के तरीके, लक्ष्य और समय चुनने की पूरी स्वतंत्रता दी गई है।
हमले के गुनहगारों को सख्त सजा की चेतावनी
प्रधानमंत्री ने साफ शब्दों में कहा कि आतंकी हमले के जिम्मेदार लोगों और उनके सरपरस्तों को धरती के आखिरी कोने से भी खोजकर सबसे सख्त सजा दी जाएगी। उनका यह बयान पाकिस्तान की ओर स्पष्ट इशारा करता है, क्योंकि उसका भारत में आतंक फैलाने का इतिहास रहा है।
राजनाथ सिंह ने पीएम से की थी पूर्व बैठक
इससे पहले रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने प्रधानमंत्री मोदी से उनके आवास पर मुलाकात की थी। इसी दिन सीडीएस जनरल अनिल चौहान ने भी रक्षा मंत्री को हमले के बाद लिए गए फैसलों की जानकारी दी थी।



