Himachal Pradesh Rain Alert: हिमाचल प्रदेश में मानसून एक बार फिर अपना खतरनाक तेवर दिखा सकता है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक, 19 से 24 जुलाई 2026 तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। वहीं, 20 और 21 जुलाई को कई जिलों में बहुत भारी से अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।
मौसम विभाग ने लोगों को इस दौरान सतर्क रहने, अनावश्यक यात्रा से बचने और स्थानीय प्रशासन की ओर से जारी एडवाइजरी का पालन करने की अपील की है।
इन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
IMD के अनुसार, चंबा, कांगड़ा, मंडी, कुल्लू, सिरमौर, शिमला, सोलन, हमीरपुर, ऊना और बिलासपुर समेत कई जिलों में भारी बारिश हो सकती है।
विशेष रूप से 20 और 21 जुलाई को चंबा, कांगड़ा, मंडी, कुल्लू और सिरमौर में अत्यधिक भारी बारिश की आशंका जताई गई है। वहीं, 22 जुलाई को भी प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना बनी हुई है।

बारिश के साथ बढ़ेगा इन खतरों का जोखिम
लगातार और तेज बारिश के कारण पहाड़ी इलाकों में लोगों और पर्यटकों को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
- भूस्खलन: पहाड़ी ढलानों पर लैंडस्लाइड का खतरा बढ़ सकता है और सड़कों पर मलबा आने से यातायात प्रभावित हो सकता है।
- फ्लैश फ्लड: छोटी नदियों, नालों और खड्डों में अचानक जलस्तर बढ़ने से बाढ़ की स्थिति बन सकती है।
- जलभराव: लगातार बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव की समस्या पैदा हो सकती है।
- यात्रा में परेशानी: पहाड़ी सड़कों पर मलबा आने और फिसलन बढ़ने से आवाजाही प्रभावित हो सकती है।
चंबा और धर्मशाला में भी हुई बारिश
पिछले 24 घंटों में भी हिमाचल प्रदेश के कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। चंबा के चुआरी में 18 मिमी, धर्मशाला में 14 मिमी और जोत में 11 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई।
मौसम विभाग के अनुसार, अगले चार से पांच दिनों में प्रदेश के अधिकतम और न्यूनतम तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है।
पर्यटकों के लिए भी जरूरी अलर्ट
मानसून के सक्रिय रहने और भारी बारिश के पूर्वानुमान को देखते हुए हिमाचल आने वाले पर्यटकों को भी विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। प्रशासन की ओर से जारी स्थानीय मौसम चेतावनियों पर नजर रखना और जोखिम वाले इलाकों में जाने से बचना बेहद जरूरी है।
लगातार सक्रिय मानसून के चलते आने वाले कुछ दिन Himachal Pradesh Weather के लिहाज से चुनौतीपूर्ण हो सकते हैं। ऐसे में स्थानीय प्रशासन, ग्रामीणों और पर्यटकों की सतर्कता बेहद महत्वपूर्ण होगी।
क्या आप हिमाचल जाने का प्लान बना रहे हैं?
क्या आपको लगता है कि भारी बारिश के दौरान हिमाचल प्रदेश में पर्यटन और यात्रा पर अस्थायी रोक या कड़े प्रतिबंध लगाए जाने चाहिए? क्या आपने भी हिमाचल में मानसून के दौरान भारी बारिश, भूस्खलन या फ्लैश फ्लड का सामना किया है? अपना अनुभव और राय कमेंट में जरूर बताएं।



