0:00
0:00 left
हाथ में नहीं पॉवर तो चुनाव लड़ने से क्या मतलब ;महबूबा मुफ्ती ने चुनाव लड़ने से खुद को किया अलग
पीडीपी की अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने चुनाव नहीं लड़ने का मन बना लिया है वे जम्मू-कश्मीर में विधानसभा चुनाव नहीं लड़ेंगी. वे खुद भले ही चुनाव ना लड़ें मगर उनकी उनकी पार्टी जरुर चुनाव लड़ रही है.दरअसल ये पूरा मामला हाथ से पॉवर जाने का है उन्होंने कहा कि अगर वह मुख्यमंत्री बन भी गईं तो भी केंद्र शासित प्रदेश में अपनी पार्टी के एजेंडे को पूरा नहीं कर पाएंगी.

महबूबा मुफ्ती ने कहा, मैं बीजेपी के साथ सरकार की मुख्यमंत्री रही जिसने 2016 में 12,000 लोगों के खिलाफ एफआईआर वापस ले ली थी. क्या हम अब ऐसा कर सकते हैं
मैंने मोदी के साथ सरकार के मुख्यमंत्री के तौर पर अलगाववादियों को बातचीत के लिए आमंत्रित करने के लिए पत्र लिखा था. क्या आप आज ऐसा कर सकते हैं? मैंने जमीनी स्तर पर संघर्ष विराम करवाया. क्या आप आज ऐसा कर सकते हैं?
उन्होंने कहा, अगर आप मुख्यमंत्री के तौर पर एफआईआर वापस नहीं ले सकते तो ऐसे पद पर कोई क्या कर सकता है?
इससे पहले नेशनल कॉन्फ्रेंस के उमर अब्दुल्ला ने भी जम्मू-कश्मीर के केंद्र शासित प्रदेश बने रहने तक चुनाव लड़ने से मना कर दिया था.हालांकि, उन्होंने अब यू-टर्न ले लिया है. वे अब चुनाव लड़ेंगे.
👉 यह भी पढ़ें:
- Article 370 के 7 साल: महबूबा मुफ्ती का बड़ा बयान, बोलीं- ‘जम्मू-कश्मीर के लोग मुर्दा नहीं, जिंदा कौम हैं’; सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
- Jammu Kashmir Martyrs Day 2026: इल्तिजा मुफ्ती का बड़ा दावा, ‘हमें घर में नजरबंद किया गया’, महबूबा मुफ्ती को लेकर भी चर्चा
- खामेनेई की मौत के बाद कश्मीर में उबाल: श्रीनगर में झड़पें, महबूबा मुफ्ती ने महिलाओं की रिहाई की उठाई मांग
- इजराइल दौरे पर विवाद: महबूबा मुफ्ती का पीएम मोदी पर तीखा हमला, नेतन्याहू से मुलाकात को बताया गलत
- जम्मू-कश्मीर में छात्र आरक्षण आंदोलन से पहले बड़ा एक्शन, महबूबा मुफ्ती सहित कई नेता हाउस अरेस्ट
- लाल क़िले विस्फोट पर महबूबा मुफ़्ती का हमला: “कश्मीर का ग़ुस्सा दिल्ली में गूंजा”



