श्रीनगर। जम्मू–कश्मीर विधानसभा में तीसरे दिन भी वक्फ कानून को लेकर हंगामा मचा हुआ है। वक्फ पर चर्चा की मांग को लेकर नेशनल कॉन्फ्रेंस के विधायकों ने जोरदार विरोध किया। इसके बाद विधायकों के बीच झड़प भी हुई। बाहर भी विधायक आपस में भिड़ गए और हाथापाई की नौबत आ गई।
विधानसभा में आम आदमी पार्टी के विधायक मेहराज मलिक के कथित आरोपों पर भाजपा विधायक विक्रम रंधावा ने कहा कि उन्होंने हिंदुओं को गाली दी है। हम इसे बर्दाश्त नहीं करेंगे। उन्होंने कहा है कि हिंदू तिलक लगाने के पाप करता है। हम उन्हें जवाब देंगे। वहीं भाजपा विधायक राज्य सरकार के खिलाफ राज्य में बेरोजगारी और दिहाड़ी मजदूरों के मुद्दों पर चर्चा की मांग को लेकर विधानसभा के बाहर प्रदर्शन कर रहे थे। विधानसभा परिसर में भी प्रदर्शन के दौरान दोनों पक्षों के विधायक एक दूसरे से भिड़ गए। विपक्ष के नेता सुनील शर्मा ने कहा कि सरकार चर्चा से भाग रही है। मुद्दों से भटकाने की कोशिश की जा रही है।
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वक्फ कानून को निरस्त करने की मांग
जम्मू–कश्मीर विधानसभा में बीते मंगलवार को वक्फ संशोधन बिल पर चर्चा की मांग को लेकर एनसी, कांग्रेस और पीडीपी के सदस्यों ने हंगामा किया। पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) ने विधानसभा में एक नया प्रस्ताव पेश किया। जिसमें केंद्र सरकार से वक्फ (संशोधन) अधिनियम, 2025 को निरस्त करने का आग्रह किया गया। वहीं सदन को आधे घंटे के लिए स्थगित कर दिया गया।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा-नेकां विधायक कर रहे ड्रामा
नेता प्रतिपक्ष सुनील शर्मा ने कहा कि नेकां विधायक जो उपमुख्यमंत्री भी रहे हैं, ने सदन में कहा कि विधानसभा की कार्यवाही नहीं चलने देंगे। ऐसा पहला बार हुआ है। यह ट्रेजरी बेंच के विधायकों और चेयर के बीच फिक्सड मैच जैसा था। यह सब मीडिया गैलरी को दिखाने के लिए था। यह कश्मीर के गरीब बच्चों की धार्मिक भावनाओं को भड़काकर पत्थर थमाने की कोशिश है। नेकां विधायक सिर्फ ड्रामे कर रहे हैं।


