महाकुंभ पर फिर बोले सपा प्रमुख अखिलेश यादव-144 साल के नाम पर लोगों को किया जा रहा गुमराह, महाकुंभ जैसा कोई शब्द नहीं

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लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव महाकुंभ को लेकर लगातार विवादित बयान देते आ रहे हैं। आज अपने संसदीय क्षेत्र कन्नौज में उन्होंने कहा कि महाकुंभ कोई शब्द नहीं है। उन्होंने कहा कि 144 साल के नाम पर लोगों को गुमराह किया जा रहा है। ये तारीख किसने तय की? क्या भाजपा वाले साइंटिस्ट हैं?

अखिलेश यादव ने कहा कि कुंभ को महाकुंभ बताकर भाजपा खुद को चमकाने का काम कर रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा था कि कुंभ में 100 करोड़ लोगो की व्यवस्था की गई है। उसके बावजूद अव्यवस्था के कारण लोगों की जान जा रही। किन लोगों की जान गई, इसकी जानकारी के लिए किसी की सूची नहीं है। सब सड़कें जाम थीं। अखिलेश ने कहा कि हमारी मांग है कि कुंभ मेले का समय बढ़ाया जाए। कन्नौज के सम्राट हर्षवर्धन ने कुंभ का आयोजन शुरू किया था, आज उन्हीं की मूर्ति को वहां से हटा दिया गया है। कुंभ पौराणिक है यह कोई नहीं जानता, ये कब से चल रहा है लेकिन भारतीय जनता पार्टी ये साबित करना चाहती है ये कुंभ उन्हीं ने शुरू कराया है।

अखिलेश ने कहा-पहले भी होता था कुंभ

अखिलेश यादव ने कहा कि इससे पहले कुंभ होता ही नहीं था। कुंभ का नाम महाकुंभ कर देना महा आयोजन के लिए 10 हजार करोड़ से ज्यादा खर्च कर देना। कुंभ आयोजन सरकार की नाकामी है। सरकार अपनी नाकामी छिपा रही है, इसलिए विपक्ष पर आरोप लगा रही है। दिल्ली रेलवे स्टेशन पर हादसे पर बोले सरकार, तीसरे नंबर की अर्थव्यवस्था बनने की सोच रही है, लेकिन लोगों के आने जाने की व्यवस्था नहीं कर पा रही है। कुंभ में जाने वाले श्रद्धालु बाथरूम के लिए परेशान है। भाजपा कह रही 144 साल बाद ऐसा कुंभ आया है, ये तारीख किसने तय की? क्या भाजपा वाले साइंटिस्ट है?

अमृतकाल में अमेरिका के लोग अमृतसर आ रहे

हमारे लोग अमेरिका से हथकड़ी और बेड़िया पहनकर रहे हैं। ये कहां के विश्व गुरु है। क्या विश्व गुरु की यही परिभाषा है, सोचिये अमृत काल में अमेरिका लोग को अमृतसर भेज रहा है। सिक्खों की पगड़ी उतारने पर अफसोस जताते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि हमारा देश इतना कमजोर नहीं है, भाजपा ने इसे कमजोर बना दिया।

Ardhendu Bhushan (Consulting Editor)
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