नई दिल्ली। साल 2025 के अंतिम दीन रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) ने धमाका कर दिया है। डीआरडीओ ने प्रलय मिसाइल का सफल सैल्वो लॉन्च किया है। यह परीक्षण देश की स्वदेशी मिसाइल तकनीक और त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता का बड़ा प्रदर्शन माना जा रहा है। एक ही लॉन्चर से कम समय के अंतराल में दो मिसाइलों का सफल प्रक्षेपण अपने आप में अहम उपलब्धि है।
रक्षा मंत्रालय के अनुसार, बुधवार की सुबह करीब 10:30 बजे ओडिशा तट के पास एक ही लॉन्चर से दो प्रलय मिसाइल दागी गईं। यह उड़ान परीक्षण यूजर इवैल्यूएशन ट्रायल्स के तहत किया गया। दोनों मिसाइलों ने तय की गई दिशा का पूरी तरह पालन किया और सभी उड़ान उद्देश्यों को सफलतापूर्वक हासिल किया। इस परीक्षण के दौरान मिसाइलों की उड़ान पर कड़ी नजर रखी गई। चांदीपुर स्थित एकीकृत परीक्षण रेंज द्वारा तैनात ट्रैकिंग सेंसरों ने पूरे ट्रैजेक्टरी की पुष्टि की। वहीं, लक्ष्य क्षेत्र के पास तैनात जहाजों पर लगे टेलीमेट्री सिस्टम के जरिए अंतिम चरण की घटनाओं को भी सफलतापूर्वक रिकॉर्ड किया गया। बताया जाता है कि प्रलय एक स्वदेशी ठोस ईंधन से चलने वाली क्वासी–बैलिस्टिक मिसाइल है। इसमें अत्याधुनिक गाइडेंस और नेविगेशन सिस्टम लगाए गए हैं, जिससे यह बेहद सटीक निशाना लगाने में सक्षम है। यह मिसाइल अलग–अलग तरह के वारहेड ले जाने में सक्षम है और विभिन्न लक्ष्यों को भेद सकती है, जिससे इसकी उपयोगिता और प्रभावशीलता बढ़ जाती है।
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