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पुर्तगाल में श्रम सुधारों के खिलाफ हजारों लोगों का प्रदर्शन, सरकार को 11 दिसंबर तक अल्टीमेटम
राजधानी लिस्बन की सड़कों पर हजारों लोग केंद्र-दक्षिणपंथी सरकार की नई श्रम सुधार नीतियों के विरोध में उतर आए। यह प्रदर्शन देश के प्रमुख मजदूर संघ द्वारा आयोजित किया गया था, जिसने सरकार से इन प्रस्तावित सुधारों को तुरंत वापस लेने की मांग की है।
यूनियन का कहना है कि ये नीतियां कामगारों के अधिकारों को कमजोर करेंगी और रोजगार की सुरक्षा को खतरे में डालेंगी।
विवादास्पद प्रावधानों पर बढ़ा विरोध
सरकार के प्रस्तावित कानूनों में कर्मचारियों को नौकरी से निकालने की प्रक्रिया आसान करने की बात शामिल है।
इसके अलावा, स्तनपान कराने वाली महिलाओं के लिए लचीले कार्य समय की अवधि घटाने और गर्भपात के बाद मिलने वाले शोक अवकाश को कम करने जैसे प्रावधानों को लेकर भी लोगों में नाराजगी है। उनकी प्रमुख मांग वेतन वृद्धि है
सरकार का तर्क और मजदूर संघ की चेतावनी
प्रधानमंत्री लुईस मोंटेनेग्रो के नेतृत्व वाली डेमोक्रेटिक अलायंस सरकार का कहना है कि ये सुधार देश की उत्पादकता और श्रम बाजार की लचीलापन बढ़ाने के लिए आवश्यक हैं।
हालांकि, विरोधियों का कहना है कि ये बदलाव कंपनियों को लाभ पहुंचाएंगे, जबकि कामगारों की सुरक्षा कम करेंगे।
प्रदर्शन आयोजकों ने चेतावनी दी है कि अगर सरकार ने इन प्रस्तावों को वापस नहीं लिया, तो 11 दिसंबर को पूरे देश में आम हड़ताल की जाएगी।



