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नई दिल्ली। महाराष्ट्र और झारखंड चुनाव में भाजपा और कांग्रेस द्वारा एक-दूसरे के खिलाफ आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। दोनों ही दलों ने आपत्तिजनक बयानों को लेकर एक-दूसरे के खिलाफ चुनाव आयोग से शिकायत की है। अब चुनाव आयोग ने दोनों दलों के राष्ट्रीय अध्यक्ष को नोटिस जारी कर उनसे 18 नवंबर को दोपहर एक बजे तक जवाब देने को कहा है
कांग्रेस ने लगाए थे नफरती बयान देने के आरोप
कांग्रेस ने 14 नवंबर को भाजपा नेताओं पर नफरती बयान देने के आरोप लगाते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज कराई थी। कांग्रेस ने आयोग से कहा था कि महाराष्ट्र और झारखंड के चुनावी अभियान में पीएम मोदी और शाह को प्रतिबंधित कर शिकायत की जांच करने की मांग की थी। इसके साथ ही कांग्रेस ने भाजपा में शामिल सभी नेताओं के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने का निर्देश देने की मांग की थी।
भाजपा ने राहुल गांधी के खिलाफ की थी शिकायत
भाजपा ने 11 नवंबर को कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ चुनाव आयोग से शिकायत की थी। भाजपा ने कहा था कि राहुल गांधी ने राज्यों को एक-दूसरे के खिलाफ खड़ा करने का प्रयास किया। उन्होंने संविधान की धज्जियां उड़ाईं और झूठ बोला कि भाजपा संविधान को नष्ट करने वाली है। भाजपा ने आयोग से कहा था कि राहुल गांधी को रोका जाना चाहिए। भाजपा ने अपनी शिकायत में राहुल गांधी के उस बयान का भी जिक्र किया है, जिसमें राहुल गांधी ने कहा था कि अगर आपको कहीं नौकरी पानी है तो आरएसएस की मेंबरशिप ले लीजिए।



