देशभर में मौसम ने अचानक करवट ले ली है। दो सक्रिय पश्चिमी विक्षोभों के प्रभाव से पश्चिमी हिमालय से लेकर पूर्वी हिस्सों तक बारिश और पहाड़ी इलाकों में भारी बर्फबारी दर्ज की गई है। कई राज्यों में तेज हवाओं और ओलावृष्टि ने जनजीवन प्रभावित किया है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने चेतावनी जारी करते हुए बताया है कि 10 अप्रैल तक कई क्षेत्रों में आंधी, तेज हवाएं और ओले गिरने की संभावना बनी रहेगी।
मौसम विभाग के अनुसार, एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ इस समय पाकिस्तान और पंजाब के आसपास ऊपरी वायुमंडल में मौजूद है। इसके साथ ही कम दबाव का क्षेत्र भी बना हुआ है, जो मौसम को और अधिक अस्थिर बना रहा है।
इसके अलावा मध्य और पूर्वी भारत के ऊपर तेज गति से चल रही ठंडी हवाएं इन मौसमी प्रणालियों को और ताकत दे रही हैं। इसी कारण आंधी, बिजली गिरने और तेज हवाओं की घटनाएं बढ़ गई हैं।
पिछले 24 घंटों में जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में भारी बर्फबारी हुई, जबकि घाटी और मैदानी क्षेत्रों में बारिश दर्ज की गई। गंगा के मैदानी इलाकों में 30 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं।
शोपियां और कुलगाम सहित कई इलाकों में ओलावृष्टि हुई, । श्रीनगर समेत कई मैदानी इलाकों में दिनभर सूरज नहीं निकला, जिससे ठंडक बनी रही और मौसम सुहाना हो गया।
मौसम विभाग ने चेताया है कि 16 अप्रैल तक मौसम में उतार-चढ़ाव जारी रहेगा। इस दौरान मैदानी इलाकों में बारिश, ऊंचे पहाड़ों में बर्फबारी, आंधी और कुछ संवेदनशील क्षेत्रों में हिमस्खलन व भूस्खलन का खतरा भी बना रहेगा।




