इंदौर में शुक्रवार से शुरू हुए यात्री परिवहन विजन समिट-2026 का उद्देश्य मध्यप्रदेश की यात्री परिवहन व्यवस्था को स्मार्ट, सुरक्षित और पर्यावरण-अनुकूल बनाना है। इस समिट में मोबिलिटी की नई दिशा तय करने पर व्यापक चर्चा होगी।
इंदौर में यात्री परिवहन विजन समिट-2026 का शुभारंभ
इंदौर के ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में आयोजित इस समिट का उद्घाटन मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया। उन्होंने कहा कि यह समिट राज्य के सार्वजनिक परिवहन के भविष्य को आकार देगा।
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परिवहन मंत्री सिंह और मुख्य सचिव बर्णवाल भी इस आयोजन में शामिल हुए। उन्होंने बताया कि इस पहल से 10,682 बसों और 3,462 रूटों का स्मार्ट मैनेजमेंट संभव होगा।
यात्री परिवहन विजन समिट-2026 में एआई और इलेक्ट्रिक बसों पर जोर
समिट में एआई तकनीक के माध्यम से बस रूट निर्धारण और स्मार्ट टिकटिंग सिस्टम पर विशेष चर्चा की गई। यह कदम यात्रियों को बेहतर सुविधा प्रदान करेगा।
इसके अलावा, इलेक्ट्रिक बसों को बढ़ावा देकर पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी महत्वपूर्ण प्रयास होंगे। यह राज्य की ग्रीन मोबिलिटी नीति के अनुरूप है।
मध्यप्रदेश की स्मार्ट और सुरक्षित यात्री परिवहन योजना
यात्री परिवहन विजन समिट-2026 के तहत सुरक्षा और स्मार्टनेस को प्राथमिकता दी जाएगी। बसों में आधुनिक टेक्नोलॉजी लगाकर यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।
साथ ही, डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से यात्री सुविधाएं सरल और सहज होंगी। इससे ट्रैफिक प्रबंधन भी प्रभावी होगा।
आम जनता पर यात्री परिवहन विजन समिट का असर
इस समिट के परिणामस्वरूप आम आदमी को बेहतर और सुलभ परिवहन सेवा मिलेगी। यात्राएं सुरक्षित, किफायती और पर्यावरण के अनुकूल होंगी।
यात्री परिवहन में सुधार से शहरों का ट्रैफिक कम होगा और प्रदूषण में भी कमी आएगी। इससे जीवन स्तर में सुधार संभव है।
यात्री परिवहन विजन समिट-2026 के अगले चरण
समिट के बाद विभिन्न सुझावों और तकनीकी प्रस्तावों को लागू करने की प्रक्रिया शुरू होगी। राज्य सरकार इन पहलों को शीघ्र क्रियान्वित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
आगामी महीनों में इलेक्ट्रिक बसों का परीक्षण और नए स्मार्ट रूट सिस्टम का विस्तार किया जाएगा। जिससे यात्री परिवहन में क्रांतिकारी बदलाव आएगा।
यात्री परिवहन विजन समिट-2026 में भागीदारी और सहयोग
इस समिट में विभिन्न सरकारी एजेंसियों, तकनीकी विशेषज्ञों और निजी क्षेत्र के प्रतिनिधि शामिल हुए। उनकी सहभागिता से योजना अधिक प्रभावी और व्यावहारिक होगी।
राज्य सरकार ने सभी हितधारकों से सहयोग का आह्वान किया है ताकि मध्यप्रदेश की मोबिलिटी को नई ऊंचाइयां दी जा सकें।



