इंदौर। नगर निगम के बीआरओ शैलेंद्र सिंह को पार्षद पति सुनील हार्डिया से बहस करना भारी पड़ गया। बीआरओ पिपलियाराव क्षेत्र में एक मकान की नपती करने गए थे। मकान मालिक की शिकायत पर पुलिस ने बीआरओ सहित उनके साथ गए अमले पर भी केस दर्ज कर लिया है। इसके बाद रात को नगर निगम के कर्मचारी भी शिकायत दर्ज कराने थाने पहुंचे।
भंवरकुआं पुलिस के अनुसार पिपलियाराव निवासी बीरम पिता नानूराम सोलंकी ने इस मामले में शनिवार को नगर निगम के बीआरओ शैलेंद्र सिंह के खिलाफ शिकायत की है। शिकायत में सोलंकी ने कहा है कि शाम के चार बजे काम करके घर पहुंचा तो देखा तो घर के बाहर नगर निगम की पीली गाडी खड़ी थी। जोन 11 के बीआरओ शैलेन्द्र सिंह घर की पहली मंजिल पर नपती कर रहे थे। जब मैंने पूछा कि आप किस बात की नपती कर रहे हो तो उन्होंने कहा कि हमें ऊपर से आदेश है। हम नपती करने आये हैं और बदतमीजी से बात कर मां बहन की गालियां देने लगे। इसके बाद हमने हमारे क्षेत्र के पार्षद पति सुनील हार्डिया को फोन लगाकर अवगत कराया तो वे मौके पर आए। उन लोगों ने सुनील हार्डिया को भी मां-बहन की गालियां दी और झूमाझटकी करने लगे। पुलिस ने बीरम की शिकायत पर बीएनएस की धारा 296 और 351 (5) के तहत केस दर्ज कर लिया है।
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आक्रोशित हैं नगर निगम कर्मचारी
केस दर्ज होने की जानकारी मिलने के बाद से नगर निगम के अधिकारी और कर्मचारी नाराज हैं। उनका कहना है कि अगर इसी तरह चलता रहा तो वे काम कैसे करेंगे। बताया जा रहा है कि इसके बाद काफी संख्या में नगर निगम कर्मचारी भी रात को एफआईआर दर्ज कराने थाने पहुंच गए।
ऐसा ही चलता रहा तो काम करना मुश्किल
नगर निगम के अधिकारियों व कर्मचारियों का कहना है कि अगर ऐसा ही चलता रहा तो काम करना मुश्किल है। पहले भी कई बार निगम के अमले के साथ मारपीट और बदतमीजी की घटनाएं हो चुकी हैं। ऐसे मामलों में एफआईआर दर्ज कराने में भी काफी मुश्किल हुई है। राजनीतिक दबाव के चलते कई बार शिकायत दर्ज भी नहीं होती।



