इस बार बंगाल में भाजपा का खेला : पीएम मोदी ने कहा था-झालमुड़ी मैंने खाई, लेकिन झाल टीएमसी को लगी

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कोलकाता। पश्चिम बंगाल चुनाव के लिए सोमवार को मतगणना जारी है। रुझानों से यह तय हो चुका है कि इस बार बंगाल में भगवा लहराएगा और भाजपा ने दीदी के सत्ता से बाहर कर दिया है। पीएम नरेंद्र मोदी ने चुनाव प्रचार के अंतिम दिन कहा था कि अब मैं शपथ ग्रहण समारोह में ही आऊंगा।

झालमुड़ी की झाल से पस्त हो गई टीएमसी

चुनाव प्रचार के दौरान पीएम मोदी ने एक स्थान पर रुक कर झालमुड़ी खाई थी। इस पर इतना बवाल मचा कि पीएम मोदी को लेकर तरह-तरह के कमेंट किए गए। फिर बाद में एक चुनावी रैली में पीएम मोदी ने कहा था-झालमुड़ी मैंने खाई, लेकिन झाल (मिर्ची) टीएमसी को लगी। इसके बाद जब पीएम मोदी ने हुगली में नौका विहार किया तब भी ममता बनर्जी ने उन पर जमकर निशाना साधा था।

बिहार के बाद बंगाल ही बचा था

भाजपा ने पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों के नतीजों से साबित कर दिया है कि वो अब सिर्फ उत्तर भारत की पार्टी नहीं है। पूरे पूर्वी भारत में भी अब भगवा लहरा रहा है। ओडिशा, बिहार के साथ अब बंगाल में भी भगवा लहराने लगा। यह भी कहा जा रहा है कि बिहार विधानसभा चुनाव के बाद ही भाजपा ने बंगाल जीत का रास्ता बनाना शुरू कर दिया था। भय, भ्रष्टाचार के खिलाफ सुशासन मॉडल, महिला सुरक्षा जैसे मुद्दों के साथ ही घुसपैठियों का मामला भी जमकर उछाला गया।

एसआईआर के बाद और मिली मजबूती

बिहार विधानसभा चुनाव के पहले कांग्रेस ने चुनाव आयोग द्वारा वोटर लिस्ट की समीक्षा के लिए एसआईआर का जो अभियान चलाया था, उसके खिलाफ वोट चोरी को मुद्दा बनाया था। इसके बावजूद  भाजपा विचलित नहीं हुई। उसने इसे घुसपैठियों को बाहर करने का जरिया बताया और आक्रामक तरीके से इस मुद्दे को चुनाव में भुनाया था। घुसपैठियों के खिलाफ भाजपा असम से लेकर बंगाल तक आक्रामक रुख अपनाए रही और उसे इसका फायदा मिला।

हिंदू वोटों के ध्रुवीकरण में सफल रही भाजपा

भाजपा ने बिहार में घुसपैठियों के खिलाफ अभियान और मुस्लिम तुष्टीकरण को बड़ा मुद्दा बिहार में बनाया था। बिहार में 20 फीसदी से ज्यादा मुस्लिम वोट होने के बावजूद एनडीए 200 सीटों के आंकड़े को पार कर गया था। बिहार से लगे बंगाल के इलाकों में भी यह संदेश काम कर गया। मुस्लिम कार्ड के खिलाफ हिंदू वोटों का ध्रुवीकरण होने लगा, जिसके बल पर भाजपा बंगाल में फतह कर पाई।

भाजपा ने गुंडाराज के मुद्दे को भुनाया

बिहार में भी भाजपा ने राजद के गुंडाराज का मुद्दा जमकर उठाया और पश्चिम बंगाल में भी इसे दोहराया गया। पीएम नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और सुवेंदु अधिकारी ने भय, भ्रष्टाचार का शासन खत्म करने के साथ सिंडिकेट, कट मनी और टीएमसी वर्कर के कथित गुंडाराज का मुद्दा लगातार उठाया।

महिलाओं की तीन हजार देने का वादा काम आया

ममता बनर्जी को महिलाओं के समर्थन का भरोसा था, लेकिन भाजपा ने गरीब महिलाओं के लिए 3000 प्रति माह देने का वादा कर उसे भी तोड़ दिया। गर्भवती महिलाओं के लिए 21,000 की सहायता, बसों में मुफ्त यात्रा और सरकारी नौकरियों में 33% आरक्षण का संकल्प भी भाजपा ने किया था। इसके साथ ही सरकारी कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से 7वां वेतन आयोग लागू करने का वादे ने भी कमाल दिखाया।

सत्ता विरोधी लहर का भी मिला फायदा

पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस 2011 में सत्ता में आई थी। ममता बनर्जी ने वाम दलों के मजबूत किले को ध्वस्त कर इतिहास रच दिया था, लेकिन टीएमसी को सत्ता में रहते हुए 15 साल हो गए हैं। ऐसे में ममता सरकार सत्ता विरोधी लहर का सामना कर पड़ रहा था। भाजपा ने इसमें आग में घी डालने का काम किया। भाजपा नेताओं द्वारा उठाए गए टीएमसी के भ्रष्टचार के मुद्दे को जनता का समर्थन मिला।

Harish Fatehchandani
Harish Fatehchandanihttp://www.hbtvnews.com
Harish Fatehchandani is a dedicated journalist with over a decade of experience in the media field. He is respected for his consistent and honest reporting.

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