उत्तर प्रदेश एटीएस ने एक बड़ी आतंकी साजिश का पर्दाफाश करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। ये आरोपी देश में ‘गजवा-ए-हिंद’ के नाम पर आगजनी कर भय का माहौल बनाने की योजना बना रहे थे। जानकारी के मुताबिक, ये लोग गैस सिलेंडर्स के जरिए अलग-अलग जगहों पर आग लगाकर दहशत फैलाने की साजिश रच रहे थे।
जांच में सामने आया है कि आरोपी सोशल मीडिया के माध्यम से पाकिस्तानी हैंडलर्स से जुड़े हुए थे। ये छोटी-छोटी आगजनी की घटनाओं को अंजाम देकर उनके वीडियो पाकिस्तान भेजते थे और बदले में क्यूआर कोड के जरिए पैसे प्राप्त करते थे। यह पूरा नेटवर्क पाकिस्तानी हैंडलर्स के निर्देश पर काम कर रहा था।
एटीएस ने इस गिरोह के मुख्य सदस्य साकिब को भी गिरफ्तार कर लिया है। बताया जा रहा है कि यह गिरोह कट्टरपंथी विचारधारा से प्रभावित था और अफगानिस्तान के कई नंबरों से भी संपर्क में था। इनका मुख्य उद्देश्य देश में डर और असुरक्षा का माहौल पैदा करना था।
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी टेलीग्राम और इंस्टाग्राम जैसे माध्यमों से ओसामा बिन लादेन, और कश्मीर मुजाहिदीन जैसे संगठनों से जुड़ी सामग्री से प्रभावित थे। ये लोग धर्म के नाम पर वाहनों को जलाकर दहशत फैलाने की कोशिश कर रहे थे। साकिब के गांव का एक अन्य व्यक्ति को भी इस साजिश में शामिल बताया जा रहा है।
एटीएस को आरोपियों के पास से ज्वलनशील पदार्थ, मोबाइल फोन, पर्चे और आधार कार्ड बरामद हुए हैं। आरोपियों ने पैसों के लालच में लखनऊ, अलीगढ़ और गाजियाबाद जैसे शहरों के प्रतिष्ठित संस्थानों और सरकारी वाहनों की रेकी की थी और उनकी जानकारी पाकिस्तान भेजी थी।
इस खुलासे के बाद सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। एटीएस अब आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश जारी है।




