नई दिल्ली। पंजाब में भाजपा को तगड़ा झटका लगा है। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। यह फैसला जाखड़ ने तब किया चब वहां पंचायत चुनाव होने वाले हैं और पड़ोसी राज्य हरियाणा में चुनाव चल रहे हैं। आलाकमान से नाराज चल रहे जाखड़ पिछले कुछ समय से प्रदेश कार्यकारिणी की बैठकों में भी नहीं जा रहे थे।
भाजपा के सूत्र बताते हैं कि जाखड़ ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा को पहले ही अपनी इच्छा जता दी थी। जालंधर उपचुनाव के बाद से जाखड़ ने अपने इस्तीफे की जानकारी पार्टी आलाकमान को दे दी थी, लेकिन उनका इस्तीफा अभी तक स्वीकार नहीं किया गया है। हालांकि जाखड़ ने अपने इस्तीफे को लेकर अब तक कोई बयान नहीं दिया है।
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15 अक्टूबर को हो रहे हैं पंचायत चुनाव
उल्लेखनीय है कि पंजाब में 15 अक्टूबर को पंचायत चुनाव होने वाले हैं। ऐसे में जाखड़ का इस्तीफा भाजपा के लिए एक बड़ा संकट बन सकता है। पिछले दिनों प्रदेश भाजपा ने चुनावी रणनीति पर चर्चा के लिए एक बैठक बुलाई थी, लेकिन जाखड़ उसमें नहीं गए थे। बताया जाता है कि जब उनसे संपर्क करने की कोशिश की गई तो उन्होंने बैठक में पार्टी अध्यक्ष के तौर पर आने से मना कर दिया था।
सिद्धू के अध्यक्ष बनने पर भाजपा में आए
जाखड़ तीन बार विधायक और एक बार सांसद रह चुके हैं। वह पहली बार 2002 में अबोहर विधानसभा क्षेत्र से विधायक चुने गए थे। 2007 और 2012 में वह अबोहर से फिर विधानसभा चुनाव जीते। इसके बाद वह गुरदासपुर लोकसभा उपचुनाव जीतकर सांसद भी बने। वे 2017 से 2021 तक पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष भी रहे। 2022 विधानसभा चुनाव से छह महीने पहले उनकी जगह नवजोत सिंह सिद्धू को अध्यक्ष बना दिया गया। इसके बाद वे भाजपा में आ गए थे।



