नई दिल्ली। उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने अपने खिलाफ विपक्ष द्वारा लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर पहली बार प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर जी ने एक बार कहा था कि बाईपास सर्जरी के लिए कभी भी सब्ज़ी काटने वाले चाकू का इस्तेमाल न करें। वह नोटिस सब्जी काटने वाला चाकू भी नहीं था, वह जंग लगा हुआ था।
मंगलवार को अपने आधिकारिक आवास पर महिला पत्रकारों से बातचीत में जगदीप धनखड़ ने नोटिस का जिक्र करते हुए कहा कि जिसने भी इसकी विषय-वस्तु पढ़ी होगी, वह कई दिनों तक सो नहीं पाया होगा। विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने इस बात का जिक्र किया कि अप्रैल 2023 में उनके इस फैसले की पार्टियों ने आलोचना की थी कि क्या उच्च सदन का कोई सदस्य निचले सदन के किसी सदस्य से जुड़ा मुद्दा उठा सकता है। उन्होंने मंत्री पीयूष गोयल का उदाहरण दिया, जिन्होंने अमेरिका की अपनी यात्रा के दौरान लोकसभा सांसद राहुल गांधी से उनके भाषण के लिए माफी मांगी थी। जबकि, कांग्रेस ने इस उल्लेख पर आपत्ति जताई थी, धनखड़ ने उस समय फैसला सुनाया था कि कानून इस मुद्दे को उठाने से नहीं रोकता है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के बारे में एक मुद्दा आया, वह उस समय राज्यसभा में विपक्ष के नेता नहीं थे। सदन के नेता पीयूष गोयल ने एक मुद्दा उठाया। मैंने इस पर फैसला किया। अगर कुछ गलत है तो मुझे मार्गदर्शन मिलने में खुशी होगी, लेकिन वे (विपक्ष) यह पचा नहीं पाए कि अध्यक्ष ऐसा कैसे तय कर सकते हैं। मैं जानता हूं कि यूपीए अध्यक्ष (सोनिया गांधी) एक महान महिला हैं, लेकिन उन्होंने संवैधानिक पद को घसीटा।


