नई दिल्ली। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के 100 साल पूरे होने पर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने संघ के स्वयंसेवकों और देश के लोगों को शुभकामनाएं दीं हैं। सिंधिया ने कहा कि उनके परिवार का भी इस संगठन से पुराना नाता रहा है। उन्होंने कहा कि संघ की अब तक की यात्रा वसुधैव कुटुम्बकम् के संकल्प का प्रतीक है।
सिंधिया ने एक्स पर पोस्ट में लिखा कि विजयादशमी के इस पावन दिन पर संघ का स्थापना दिवस हमारे राष्ट्रजीवन की उस अखंड धारा का स्मरण है, जिसने 100 वर्षों से सेवा, संस्कार और समर्पण का दीप प्रज्वलित रखा है। मेरे परिवार का भी इस महान संगठन से पीढ़ियों पुराना आत्मीय संबंध रहा है। आज मैं श्रद्धा और गर्व के साथ उन सभी स्वयंसेवकों को नमन करता हूं, जिन्होंने तन–मन–धन से राष्ट्र निर्माण में योगदान दिया है। संघ की यह शताब्दी यात्रा भारत की चिरंतन चेतना और वसुधैव कुटुम्बकम् के संकल्प की प्रतीक है। इस महत्वपूर्ण अवसर पर मैं सभी स्वयंसेवकों और देशवासियों को बधाई एवं शुभकामनाएं देता हूं।
👉 यह भी पढ़ें:
- कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बिगड़े बोल, पीएम मोदी को बता दिया आतंकवादी, फिर खुद ही देने लगे सफाई
- डीसी बोर्ड ने बदल दिया डेली कॉलेज का संविधान, कलेक्टर के पास शिकायत लेकर पहुंचे ओल्ड डेलियंस, एडीएम पवार करेंगे जांच
- कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश का केंद्र पर वार, कहा-परिसीमन जोड़ महिला आरक्षण को टाल रही सरकार
सिंधिया ने राष्ट्रपति महात्मा गांधी की जयंती पर कहा कि स्वदेशी की अलख जगाकर ब्रिटिश साम्राज्य की नींव हिला देने वाले हमारे पूज्य राष्ट्रपिता महात्मा गांधी जी की जयंती पर उन्हें श्रद्धा पूर्वक नमन करता हूं। बापू के नेतृत्व में प्रारंभ हुआ स्वदेशी आंदोलन स्वतंत्रता संग्राम का महत्वपूर्ण अध्याय था, जिसका उद्देश्य भारतीय वस्तुओं का उपयोग और विदेशी उत्पादों का बहिष्कार था। गांधीजी ने इसे स्वराज की आत्मा कहा और चरखे–खादी को अपनाकर आत्मनिर्भरता व स्वाभिमान की अलख जगाई। इसके साथ ही उन्होंने पूर्व पीएम लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर उन्हें नमन किया।


