पीएम मोदी का ऐतिहासिक अमेरिका दौरा: भारत-अमेरिका रक्षा और व्यापार संबंधों में बड़ा कदम

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पीएम मोदी का ऐतिहासिक अमेरिका दौरा: भारत-अमेरिका रक्षा और व्यापार संबंधों में बड़ा कदम

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया अमेरिका दौरे के दौरान भारत और अमेरिका के बीच कई अहम समझौतों पर सहमति बनी। इस यात्रा ने दोनों देशों के बीच रक्षा, व्यापार, ऊर्जा, शिक्षा और तकनीकी सहयोग को नए आयाम दिए।

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आइए जानते हैं इस ऐतिहासिक दौरे के प्रमुख बिंदु:

1. भारत-अमेरिका रक्षा सहयोग को नई मजबूती

  • 10 साल का रक्षा साझेदारी फ्रेमवर्क: दोनों देशों ने अगले 10 वर्षों के लिए रक्षा साझेदारी को मजबूत करने का फैसला किया।

  • आधुनिक रक्षा उपकरणों की खरीद: भारत, अमेरिका से जेवलिन एंटी टैंक मिसाइलें, स्ट्राइकर आर्मर्ड लड़ाकू वाहन और पी-81 नौसैनिक सर्विलांस विमान खरीदेगा।

  • पांचवीं पीढ़ी के लड़ाकू विमानों पर चर्चा: अमेरिका ने भारत को एफ-35 लड़ाकू विमान देने की संभावना पर अपनी नीति की समीक्षा की घोषणा की।

  • रेसीप्रोकल डिफेंस अधिग्रहण समझौता: इस समझौते के तहत दोनों देश एक-दूसरे से रक्षा उपकरण खरीद सकेंगे।

2. समुद्री सुरक्षा और अत्याधुनिक तकनीक में सहयोग

  • ASIA समझौता: भारत और अमेरिका ने ओटोनॉमस सिस्टम्स इंडस्ट्री अलायंस (ASIA) की शुरुआत की, जिससे अंडरवाटर डोमेन अवेयरनेस और समुद्री सुरक्षा को बढ़ावा मिलेगा।

  • संवेदनशील समुद्री तकनीक का विकास: अमेरिका पहली बार किसी देश के साथ मिलकर समुद्री तकनीक विकसित करेगा, जिसमें सी पिकेट सर्विलांस सिस्टम, वेब ग्लाइडर अनमैन्ड व्हीकल और लो-फ्रीक्वेंसी एक्टिव सोनार शामिल हैं।

3. भारत-अमेरिका व्यापार में बड़ा लक्ष्य

  • 2030 तक 500 अरब डॉलर का व्यापार: दोनों देशों ने आपसी व्यापार को 2030 तक 500 अरब डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा।

  • नई व्यापारिक साझेदारियां: इस साल कई व्यापारिक समझौतों को अंतिम रूप दिया जाएगा।

4. उभरती तकनीकों में सहयोग

  • AI और रिसर्च में साझेदारी: दोनों देशों के बीच आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने के लिए रोडमैप तैयार किया जाएगा।

  • नई वैज्ञानिक साझेदारियां: अमेरिका की नेशनल साइंस फाउंडेशन और भारत की नेशनल रिसर्च फाउंडेशन के बीच उभरती तकनीकों पर सहयोग के लिए समझौता हुआ।

  • भारतीय दवाइयों का अमेरिकी बाजार में विस्तार: अमेरिका में भारतीय फार्मा कंपनियों के उत्पादन को बढ़ावा देने पर सहमति बनी।

5. ऊर्जा और परमाणु सहयोग

  • भारत की ऊर्जा सुरक्षा को समर्थन: अमेरिका ने भारत को अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी (IEA) में सदस्यता देने का समर्थन किया।

  • नए परमाणु समझौते: छोटे मॉड्यूलर रिएक्टर (SMR) विकसित करने और उनके उत्पादन पर दोनों देशों में सहमति बनी।

6. अप्रवासन और शिक्षा में सहयोग

  • संयुक्त डिग्री और ऑफशोर कैंपस: भारतीय छात्रों के लिए अमेरिका में शिक्षा के नए अवसर बढ़ाने पर चर्चा हुई।

  • अवैध अप्रवासन और मानव तस्करी पर सख्ती: दोनों देशों ने संगठित अपराध, ड्रग तस्करी और आतंकवाद के खिलाफ सहयोग बढ़ाने का फैसला किया।

7. आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख

  • मुंबई हमले के आरोपी तहव्वुर राणा का प्रत्यर्पण: अमेरिका ने मुंबई हमले के दोषी तहव्वुर राणा के भारत प्रत्यर्पण को मंजूरी दी।

  • पाकिस्तान की जवाबदेही तय करने पर चर्चा: 26/11 मुंबई हमले और पठानकोट हमले को लेकर पाकिस्तान पर कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई गई।

8. भारत-मध्य पूर्व-यूरोप कॉरिडोर पर सहमति

  • दोनों देशों ने भारत-मध्य पूर्व-यूरोप कॉरिडोर पर चर्चा की, जिससे व्यापार और कनेक्टिविटी को नई दिशा मिलेगी।

निष्कर्ष

पीएम मोदी का यह दौरा भारत और अमेरिका के संबंधों में एक मील का पत्थर साबित हुआ। रक्षा, व्यापार, तकनीक और वैश्विक सुरक्षा से जुड़े समझौते दोनों देशों के रणनीतिक संबंधों को नई ऊंचाई तक ले जाएंगे।

Abhilash Shukla (Editor)
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Abhilash Shukla is an experienced editor with over 28 years in journalism. He is known for delivering balanced, impactful, and credible news coverage.

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